मासिक पत्रिका

छत्तीसगढ़-छत्तीसगढ़ी-छत्तीसगढ़िया

IMD का बड़ा अलर्ट, यूपी-एमपी समेत कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश का खतरा

देश के कई हिस्सों में मानसून एक बार फिर सक्रिय नजर आ रहा है। बंगाल की खाड़ी और आसपास के क्षेत्रों में बने कम दबाव के क्षेत्र के चलते मध्य, पूर्वी और उत्तरी भारत के कई राज्यों में बारिश का दौर तेज हो गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग यानी IMD ने कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

इन राज्यों में भारी बारिश की चेतावनी

मौसम विभाग के अनुसार छत्तीसगढ़, पूर्वी मध्य प्रदेश और उत्तराखंड में कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश हो सकती है। उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़-दिल्ली और विदर्भ समेत कई इलाकों में भी भारी बारिश का अनुमान है।

पूर्वी भारत में पश्चिम बंगाल, ओडिशा, झारखंड और बिहार में बारिश का असर देखने को मिलेगा। वहीं सिक्किम, असम, मेघालय और पूर्वोत्तर के अन्य राज्यों में भी भारी बारिश की संभावना जताई गई है।

उत्तराखंड में ऑरेंज अलर्ट

उत्तराखंड में मौसम विभाग ने 2 सितंबर को बहुत भारी बारिश को लेकर चेतावनी जारी की है। देहरादून, नैनीताल और बागेश्वर में ऑरेंज अलर्ट बताया गया है, जबकि राज्य के अन्य हिस्सों में भी बारिश और आंधी-बिजली का खतरा बना हुआ है। IMD के अनुसार उत्तराखंड में आने वाले कई दिनों तक भारी बारिश की गतिविधि जारी रह सकती है।

दिल्ली-NCR में भी बारिश के आसार

दिल्ली-NCR में बुधवार को आसमान में बादल छाए रहने और अलग-अलग इलाकों में बारिश होने की संभावना है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ तेज बारिश और हवाएं चल सकती हैं। इससे जलभराव और यातायात प्रभावित होने की आशंका बनी हुई है।

आंधी, बिजली और तेज हवाओं का खतरा

बारिश के साथ कई राज्यों में आंधी और बिजली गिरने का भी खतरा है। IMD ने उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और पूर्वोत्तर के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ मौसम खराब रहने की संभावना जताई है।

ओडिशा और अंडमान-निकोबार क्षेत्र में कुछ स्थानों पर तेज हवाएं चलने का भी अनुमान है। ऐसे में लोगों को खुले इलाकों और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की सलाह दी गई है।

बाढ़ और जलभराव का बढ़ा खतरा

लगातार बारिश के कारण नदियों और निचले इलाकों में जलस्तर बढ़ने की आशंका है। मध्य और पूर्वी भारत के कई जलग्रहण क्षेत्रों में अचानक बाढ़ का खतरा भी बना हुआ है। उत्तराखंड और पूर्वोत्तर के कुछ हिस्सों में भी स्थानीय स्तर पर बाढ़ और भूस्खलन जैसी स्थिति पैदा हो सकती है।

मौसम विभाग ने लोगों से स्थानीय प्रशासन और मौसम संबंधी ताजा अपडेट पर नजर रखने की अपील की है। भारी बारिश वाले इलाकों में अनावश्यक यात्रा से बचना और नदी-नालों के आसपास जाने से सावधानी बरतना जरूरी है।

0
Show Comments (0) Hide Comments (0)
0 0 votes
Article Rating
Subscribe
Notify of
guest
0 Comments
Oldest
Newest Most Voted
Recent Posts:
Share
0
Would love your thoughts, please comment.x
()
x